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राहुल पर मुकदमा, कांग्रेस का पलटवार: बोली- नहीं डरेंगे, जारी रहेगी लड़ाई

by admin@bebak24.com on | 2026-08-31 12:14:11

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राहुल पर मुकदमा, कांग्रेस का पलटवार: बोली- नहीं डरेंगे, जारी रहेगी लड़ाई

नई दिल्ली | बेबाक24 न्यूज़

उत्तराखंड के हल्द्वानी में कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे की सभा के बाद हुए कथित ‘शुद्धिकरण’ कार्यक्रम को लेकर विवाद बढ़ गया है। राहुल गांधी के खिलाफ दर्ज प्राथमिकी के बाद कांग्रेस ने भाजपा पर तीखा हमला बोला है। पार्टी ने कहा है कि मुकदमे या राजनीतिक दबाव से वह पीछे नहीं हटेगी और दलित सम्मान तथा संविधान की रक्षा का मुद्दा उठाती रहेगी।

कांग्रेस ने प्राथमिकी पर उठाए सवाल

कांग्रेस महासचिव कुमारी सैलजा ने आरोप लगाया कि खरगे की सभा के बाद कथित शुद्धिकरण कार्यक्रम करने वालों पर कार्रवाई नहीं हुई, लेकिन इस घटना पर सवाल उठाने वाले राहुल गांधी के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज कर दी गई। उन्होंने इसे भाजपा और राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ की कथित दलित-विरोधी मानसिकता का उदाहरण बताया।

सैलजा ने कहा कि कांग्रेस इस कार्रवाई का जवाब लोकतांत्रिक और कानूनी तरीके से देगी। उन्होंने यह भी कहा कि प्राथमिकी दर्ज होने से राहुल गांधी या पार्टी डरने वाली नहीं है।

क्या है पूरा विवाद?

कांग्रेस के अनुसार, हल्द्वानी के रामलीला मैदान में 8 अगस्त को मल्लिकार्जुन खरगे की सभा हुई थी। इसके बाद 11 अगस्त को कुछ लोगों द्वारा कथित रूप से शुद्धिकरण यज्ञ किए जाने का मामला सामने आया।

कांग्रेस ने इस घटना को सामाजिक भेदभाव से जोड़ते हुए विरोध जताया। राहुल गांधी ने 29 अगस्त को नई दिल्ली में इस मामले पर टिप्पणी करते हुए जिम्मेदार लोगों के खिलाफ अनुसूचित जाति एवं अनुसूचित जनजाति अत्याचार निवारण कानून के तहत कार्रवाई की मांग की थी।

राहुल गांधी पर क्यों हुई कार्रवाई?

पुलिस के मुताबिक हल्द्वानी निवासी अमित कुमार की शिकायत के आधार पर राहुल गांधी के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज की गई। शिकायतकर्ता ने आरोप लगाया कि राहुल गांधी ने धार्मिक अनुष्ठान को जातिगत रंग दिया, जिससे वाल्मीकि समुदाय की भावनाएं आहत हुईं।

पुलिस ने मामले में भारतीय न्याय संहिता की उन धाराओं को शामिल किया है, जो विभिन्न समूहों के बीच वैमनस्य बढ़ाने और धार्मिक भावनाओं को जानबूझकर आहत करने से संबंधित हैं। इसके साथ ही अनुसूचित जाति एवं अनुसूचित जनजाति अत्याचार निवारण अधिनियम की धाराएं भी लगाई गई हैं।

भाजपा और कांग्रेस के दावे अलग-अलग

भाजपा ने कांग्रेस के आरोपों को खारिज करते हुए कहा था कि खरगे की सभा के बाद रामलीला मैदान में गंदगी रह गई थी और धार्मिक स्थल पर अनुचित नारे लगाए गए थे। भाजपा का दावा है कि इसी कारण कथित शुद्धिकरण कार्यक्रम किया गया।

वहीं कांग्रेस का कहना है कि घटना को दलित सम्मान और सामाजिक समानता के नजरिये से देखा जाना चाहिए। पार्टी नेताओं ने मामले में निष्पक्ष कार्रवाई की मांग की है।

राजनीतिक टकराव तेज

प्राथमिकी के बाद यह विवाद अब राजनीतिक टकराव में बदलता दिखाई दे रहा है। कांग्रेस ने संकेत दिया है कि वह इस मुद्दे को आगे भी उठाएगी, जबकि भाजपा कांग्रेस के आरोपों को राजनीतिक मुद्दा बनाने की कोशिश बता रही है। आने वाले दिनों में मामले की कानूनी कार्रवाई के साथ दोनों दलों के बीच बयानबाजी और तेज होने की संभावना है।



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