by admin@bebak24.com on | 2026-08-06 20:32:31
Share: Facebook | Twitter | WhatsApp | LinkedIn Visits: 3084
मुंबई: देश भर में जारी छात्र आंदोलनों, जेपीएससी-जेएसएससी और विश्वविद्यालयीय विरोध प्रदर्शनों के बीच राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के सरसंघचालक मोहन भागवत का महत्वपूर्ण बयान सामने आया है। मुंबई में आयोजित एक कार्यक्रम को संबोधित करते हुए भागवत ने स्पष्ट किया कि नई पीढ़ी का विरोध देश-विरोधी नहीं है और शिक्षा व्यवस्था में व्यापक सुधार के लिए युवाओं से संवाद बेहद जरूरी है।
मोहन भागवत के संबोधन के प्रमुख बिंदु
आरएसएस प्रमुख ने लोकतंत्र, युवा पीढ़ी के दृष्टिकोण और आंदोलन के तरीकों पर विस्तार से अपने विचार रखे:
"जेन-ज़ी देश-विरोधी नहीं": मोहन भागवत ने कहा, "अगर जेन-ज़ी (Gen-Z) विरोध-प्रदर्शन कर रही है, तो वे देश-विरोधी नहीं हैं। वे हमारे अपने हैं, हमारी अगली पीढ़ी हैं। उनके साथ बातचीत के साथ-साथ अपनापन महसूस कराने की भी जरूरत है।"
शिकायतें जायज़, व्यवस्था में सुधार ज़रूरी: उन्होंने माना कि भारत की शिक्षा व्यवस्था में जो काम होना चाहिए था, वह नहीं हो पा रहा है। इसी कारण युवाओं में असंतोष है और उनकी शिकायतें पूरी तरह जायज़ हैं।
बदलती सोच और सवाल करने का अधिकार: उन्होंने कहा कि पहले की पीढ़ियां बड़ों की बात बिना सवाल किए मान लेती थीं, लेकिन आज की जेन-ज़ी और जेन-अल्फा तर्कसंगत जवाब चाहती हैं। इसे खारिज करने के बजाय संवाद स्थापित करना चाहिए।
भागवत ने लोकतंत्र में संवाद और विरोध की मर्यादा को भारत के प्राचीन 'शास्त्रार्थ' की परंपरा से जोड़ा:
शास्त्रार्थ की प्रक्रिया: उन्होंने कहा कि जैसे शास्त्रार्थ में 'पूर्व पक्ष' और 'उत्तर पक्ष' के बीच तर्क-वितर्क से सत्य का निर्माण होता है, उसी तरह आज भी विमर्श की प्रक्रिया अपनाई जानी चाहिए।
व्यवस्था सुधार हेतु आंदोलन: उन्होंने डॉ. बी.आर. आंबेडकर और संविधान निर्माताओं का हवाला देते हुए कहा कि लोकतंत्र में विरोध का उद्देश्य किसी व्यक्ति के खिलाफ नहीं, बल्कि व्यवस्था में सुधार और सहमति बनाना होना चाहिए, न कि समाज में विभाजन पैदा करना।
झारखंड, उत्तर प्रदेश और दिल्ली जैसे राज्यों में परीक्षाओं में धांधली व भर्ती नीतियों के खिलाफ युवाओं के जारी उग्र प्रदर्शनों के बीच मोहन भागवत का यह बयान बेहद प्रासंगिक है। सरकार और प्रशासन को यह स्पष्ट संदेश है कि छात्रों के आंदोलन को दबाने या उन्हें 'उपद्रवी' करार देने के बजाय उनकी वाजिब शिकायतों को सहानभूतिपूर्वक सुना जाए और शिक्षा व परीक्षा तंत्र में ठोस सुधार किए जाएं।
स्वास्थ्य सेवा में लापरवाही पर सख्त हुईं महिला आयोग उपाध्यक्ष ; जिला महिला अस्पताल में अव्यवस्था, प्राइवेट लैब और बाहर की दवा लिखने पर भड़कीं चारू चौधरी
धान खरीद की तैयारी पूरी, जिलाधिकारी का सख्त निर्देश: किसानों से अच्छा व्यवहार करें क्रय केंद्र प्रभारी
जब झूमीं काली गाड़ियाँ, तो मची खलबली: बाबा के दरबार में योगी संग बाहुबली!
ब्रेकिंग न्यूज़: नोनहरा कांड के पीड़ित परिवार से मिलेंगे LG मनोज सिन्हा, दौरा कल से
सपा विधायक वीरेंद्र यादव का आह्वान: '2027 में अखिलेश यादव को मुख्यमंत्री बनाना है'
बिहार चुनाव 2025: लखीसराय में भीषण हंगामा, डिप्टी सीएम विजय सिन्हा के काफिले पर पथराव-गोबर से हमला; भड़के सिन्हा ने कहा- 'इन RJD गुंडों की छाती पर चलेगा बुलडोजर!'
स्वास्थ्य सेवा में लापरवाही पर सख्त हुईं महिला आयोग उपाध्यक्ष ; जिला महिला अस्पताल में अव्यवस्था, प्राइवेट लैब और बाहर की दवा लिखने पर भड़कीं चारू चौधरी
धान खरीद की तैयारी पूरी, जिलाधिकारी का सख्त निर्देश: किसानों से अच्छा व्यवहार करें क्रय केंद्र प्रभारी
जब झूमीं काली गाड़ियाँ, तो मची खलबली: बाबा के दरबार में योगी संग बाहुबली!
ब्रेकिंग न्यूज़: नोनहरा कांड के पीड़ित परिवार से मिलेंगे LG मनोज सिन्हा, दौरा कल से
सपा विधायक वीरेंद्र यादव का आह्वान: '2027 में अखिलेश यादव को मुख्यमंत्री बनाना है'
बिहार चुनाव 2025: लखीसराय में भीषण हंगामा, डिप्टी सीएम विजय सिन्हा के काफिले पर पथराव-गोबर से हमला; भड़के सिन्हा ने कहा- 'इन RJD गुंडों की छाती पर चलेगा बुलडोजर!'