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झांसी हादसे में छोटे बेटे अबान की मौत, कसारी-मसारी में पिता-चाचा की कब्रों के पास ही होगा सुपुर्द-ए-खाक

by on | 2026-08-06 17:42:50

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झांसी हादसे में छोटे बेटे अबान की मौत, कसारी-मसारी में पिता-चाचा की कब्रों के पास ही होगा सुपुर्द-ए-खाक

प्रयागराज/झांसी: कभी पूरे पूर्वांचल को अपने खौफ से थर्राने वाले माफिया अतीक अहमद के साम्राज्य और परिवार की बची-खुची कड़ियां भी एक-एक कर टूट रही हैं। जिस अतीक के नाम से कानून-व्यवस्था लाचार नजर आती थी, आज उसी के कुनबे की तबाही का नया पन्ना झांसी की सड़क पर लिखा गया। जेल में बंद अपने भाई से मिलने जा रहे अतीक के सबसे छोटे बेटे अबान अहमद की भीषण सड़क हादसे में दर्दनाक मौत हो गई।

पिता, चाचा और भाई के बगल में ही बनेगी अबान की मजार

प्रयागराज के कसारी-मसारी कब्रिस्तान में एक बार फिर कब्र खोदी जा रही है। पारिवारिक सूत्रों के मुताबिक, अबान के शव को उसी कब्रिस्तान में सुपुर्द-ए-खाक किया जाएगा, जहां उसके पिता अतीक अहमद, चाचा अशरफ और एनकाउंटर में मारे गए भाई असद की मजारें मौजूद हैं। नियति का क्रूर खेल देखिए कि जिस कसारी-मसारी में अतीक का हुक्म चलता था, आज उसी मिट्टी में उसका पूरा कुनबा एक-एक कर दफन हो रहा है।

तांगे से साम्राज्य और फिर तबाही: कहां गया वो खौफ?

एक दौर था जब अतीक अहमद की एक हुंकार पर प्रयागराज से लेकर लखनऊ तक की सियासत में हलचल मच जाती थी। दर्जनों गुर्गे, करोड़ों का काला साम्राज्य और एके-47 की गूंज—सब कुछ अतीक के इर्द-गिर्द घूमता था। लेकिन कानून के शिकंजे और कुदरत के फैसले के आगे अतीक की सल्तनत तिनके की तरह बिखर गई। पिता और चाचा की सरेआम हत्या, असद का एनकाउंटर और अब अबान की हादसे में मौत—इस परिवार पर मुसीबतों का सिलसिला थमने का नाम नहीं ले रहा।

अब अतीक के कुनबे में कौन-कौन? जेल, फरारी और बर्बादी की पूरी तस्वीर:

​अतीक अहमद और शाइस्ता परवीन के पांच बेटों में से अब सिर्फ तीन जीवित बचे हैं:

उमर अहमद (सबसे बड़ा बेटा): लखनऊ जेल में बंद है और कानूनी शिकंजे में फंसा हुआ है।


अली अहमद (दूसरा बेटा): रंगदारी और कई संगीन आपराधिक मामलों में नैनी जेल की सलाखों के पीछे है।


असद अहमद (तीसरा बेटा): उमेश पाल हत्याकांड के बाद झांसी में पुलिस एनकाउंटर में मारा जा चुका है।


अहजाम अहमद (चौथा बेटा): बाल सुधार गृह से छूटने के बाद फिलहाल रिश्तेदारों के संरक्षण में दिन काट रहा है।


अबान अहमद (सबसे छोटा बेटा): झांसी हादसे में अकाल मौत का शिकार हुआ।


50 हजार की इनामी शाइस्ता अब भी पुलिस की फाइलों में 'फरार'

अतीक की पत्नी शाइस्ता परवीन उमेश पाल हत्याकांड के बाद से ही पुलिस को छका रही है। उस पर 50 हजार रुपये का इनाम घोषित है, लेकिन बेटे असद की मौत और पति के जनाजे की तरह ही क्या वह अबान के सुपुर्द-ए-खाक में भी सामने आ पाएगी? यह सवाल प्रयागराज की आबो-हवा में तैर रहा है।



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