ब्रेकिंग न्यूज़
झांसी हादसे में छोटे बेटे अबान की मौत, कसारी-मसारी में पिता-चाचा की कब्रों के पास ही होगा सुपुर्द-ए-खाक
राजनीति राजनीति

राहुल की सोशल मीडिया रिपोर्ट: पंजाब कांग्रेस में सिर्फ 3 नेता निकले सक्रिय

by on | 2026-08-26 14:40:23

Share: Facebook | Twitter | WhatsApp | LinkedIn Visits: 3105


राहुल की सोशल मीडिया रिपोर्ट: पंजाब कांग्रेस में सिर्फ 3 नेता निकले सक्रिय

चंडीगढ़ | बेबाक24 न्यूज़

पंजाब में आगामी विधानसभा चुनाव को लेकर कांग्रेस ने अपने वरिष्ठ नेताओं की सक्रियता पर निगाहें बढ़ा दी हैं। पार्टी सूत्रों के मुताबिक, राहुल गांधी की पहल पर तैयार एक आंतरिक रिपोर्ट में यह देखा गया कि प्रदेश के वरिष्ठ नेता केंद्रीय नेतृत्व के मुद्दों और अभियानों को अपने सामाजिक मीडिया खातों पर कितना आगे बढ़ा रहे हैं।

रिपोर्ट में प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष अमरिंदर सिंह राजा वड़िंग, चुनाव प्रबंधन एवं समन्वय समिति के प्रभारी विजय इंदर सिंगला और चुनाव प्रचार समिति के सह-अध्यक्ष राणा गुरजीत सिंह ही प्रमुख रूप से सक्रिय नजर आए।

राहुल के कार्यक्रम को बनाया आधार

बताया जा रहा है कि कांग्रेस की विशेष आईटी टीम ने 22 अगस्त को पुणे में हुए राहुल गांधी के ‘छात्रों की गूंज’ कार्यक्रम को आधार बनाकर नेताओं की सामाजिक मीडिया गतिविधियों की समीक्षा की।

वड़िंग, सिंगला और राणा गुरजीत सिंह ने कार्यक्रम को अपने सामाजिक मीडिया मंचों पर साझा किया। इन नेताओं ने राहुल गांधी के भाषण और कार्यक्रम से जुड़ी सामग्री को भी आगे बढ़ाया।

इसके विपरीत, पार्टी के कई अन्य वरिष्ठ नेताओं के खातों में इस अभियान को लेकर अपेक्षित सक्रियता नहीं दिखाई दी।

13 नेताओं के खातों की हुई पड़ताल

पार्टी सूत्रों के अनुसार, चुनावी समितियों में जिम्मेदारी संभाल रहे 13 वरिष्ठ नेताओं के विभिन्न सामाजिक मीडिया खातों की समीक्षा की गई। इसमें नेता प्रतिपक्ष प्रताप सिंह बाजवा, पूर्व मुख्यमंत्री चरणजीत सिंह चन्नी, पूर्व उपमुख्यमंत्री सुखजिंदर सिंह रंधावा, घोषणा पत्र समिति के अध्यक्ष डॉ. अमर सिंह, प्रचार समिति के सह-अध्यक्ष सुखपाल सिंह खैहरा, सांसद डॉ. धर्मवीर गांधी और गुरजीत सिंह ओजला समेत कई नेताओं की गतिविधियां भी देखी गईं।

रिपोर्ट के मुताबिक, इन नेताओं की ओर से ‘छात्रों की गूंज’ कार्यक्रम को सोशल मीडिया पर प्रमुखता से आगे बढ़ाने की सक्रियता नजर नहीं आई।

चुनाव से पहले संगठन की परीक्षा?

कांग्रेस सूत्रों का कहना है कि यह कवायद केवल एक कार्यक्रम तक सीमित नहीं है। पार्टी उन राज्यों में भी वरिष्ठ नेताओं की डिजिटल सक्रियता का आकलन करने की तैयारी में है, जहां 2027 में विधानसभा चुनाव प्रस्तावित हैं।

दरअसल, पार्टी हाईकमान यह समझना चाहता है कि जिन नेताओं को चुनावी समितियों और संगठन में अहम जिम्मेदारियां दी गई हैं, वे केंद्रीय नेतृत्व के अभियानों और मुद्दों को अपने-अपने राज्यों में कितनी मजबूती से आगे बढ़ाते हैं।

बेबाक24 निष्कर्ष: पंजाब कांग्रेस में चुनावी तैयारियों के बीच सोशल मीडिया सक्रियता की यह रिपोर्ट संगठन के भीतर मौजूद मतभेदों और प्राथमिकताओं को लेकर नई चर्चा छेड़ सकती है। हालांकि, पार्टी की ओर से इस कथित आंतरिक रिपोर्ट को लेकर आधिकारिक तौर पर विस्तृत जानकारी सामने नहीं आई है।



Search
Recent News
Top Trending
Most Popular

Leave a Comment