ब्रेकिंग न्यूज़
पीएम मोदी ने छात्रों के लिए रोका अपना काफिला: नीट परीक्षा के कारण दिल्ली एयरपोर्ट पर 45 मिनट रुके
मनोरंजन मनोरंजन

कंगना रनौत ने 'जेन-ज़ी' को कहा 'जेनरेशन गटर', प्रदर्शनकारियों पर की विवादित टिप्पणी; कांग्रेस और AIMIM का जोरदार पलटवार

by on | 2026-07-28 17:38:29

Share: Facebook | Twitter | WhatsApp | LinkedIn Visits: 3078


कंगना रनौत ने 'जेन-ज़ी' को कहा 'जेनरेशन गटर', प्रदर्शनकारियों पर की विवादित टिप्पणी; कांग्रेस और AIMIM का जोरदार पलटवार

मुंबई/नई दिल्ली (28 जुलाई 2026): अभिनेत्री और भारतीय जनता पार्टी (BJP) की सांसद कंगना रनौत अपने तीखे बयानों को लेकर एक बार फिर सुर्खियों में हैं। हाल ही में छात्र आंदोलनों और सोशल मीडिया पर एक्टिव 'जेन-ज़ी' (Gen-Z) पीढ़ी पर निशाना साधते हुए उन्होंने प्रदर्शनकारियों को 'जेनरेशन गटर' और 'कॉकरोच' तक कह डाला।

कंगना के इस बयान के बाद सोशल मीडिया पर तो हंगामा मचा ही है, साथ ही कांग्रेस और असदुद्दीन ओवैसी की पार्टी एआईएमआईएम (AIMIM) ने उन पर तीखा हमला बोला है।

"उन्हें देखकर उल्टी आती है"— कंगना का जेन-ज़ी और महिलाओं पर निशाना

सोशल मीडिया पर प्रदर्शन कर रहे युवाओं के वीडियो और पोस्ट पर प्रतिक्रिया देते हुए कंगना रनौत ने अपनी भड़ास निकाली:

  • प्रदर्शनकारियों पर टिप्पणी: कंगना ने कहा कि ऐसे प्रदर्शनकारियों को देखकर उन्हें 'उल्टी आने लगती है' और उन्होंने प्रदर्शन के दौरान इस्तेमाल की जा रही भाषा की कड़ी आलोचना की।

  • महिलाओं को बताया 'पश्चिमी सोच से प्रभावित': एक अन्य पोस्ट में कंगना ने प्रदर्शन में शामिल युवतियों और महिलाओं पर हमला बोलते हुए कहा कि "ये पश्चिमी सोच से प्रभावित भारतीय महिलाएं हैं, जो नशा करने, शराब पीने और माता-पिता की कमाई पर आश्रित रहने को ही अपनी आजादी मानकर गर्व महसूस करती हैं।"

विपक्ष का पलटवार: "कंगना तुरंत देश के युवाओं से माफी मांगें"

कंगना के इस बयान के बाद राजनीतिक गलियारों में विरोध के स्वर तेज हो गए हैं:

  • वारिस पठान (AIMIM नेता): एआईएमआईएम के वरिष्ठ नेता वारिस पठान ने कंगना की भाषा की सख्त शब्दों में निंदा करते हुए कहा कि एक सांसद को देश के युवाओं और महिलाओं के खिलाफ ऐसी घटिया भाषा का इस्तेमाल शोभा नहीं देता। उन्होंने कंगना से तुरंत सार्वजनिक रूप से माफी मांगने की मांग की।

  • कांग्रेस की प्रतिक्रिया: कांग्रेस नेताओं ने कहा कि बीजेपी सांसद का यह बयान दर्शाता है कि वे देश के युवाओं, बेरोजगारी और शिक्षा संकट से जूझ रहे छात्रों के प्रति कितनी असंवेदनशील हैं।

"NEET पेपर लीक और छात्रों की सुसाइड पर एक शब्द नहीं बोला"— सोशल मीडिया पर क्लास

कंगना के बयानों के बाद सोशल मीडिया (X और इंस्टाग्राम) पर नेटिजन्स और यूजर्स ने उन्हें जमकर ट्रोल किया।

  • यूजर्स के कमेंट्स: एक यूजर ने लिखा, "जब नीट पेपर लीक का इतना बड़ा घोटाला हुआ या जब दर्जनों छात्रों ने तनाव में आकर आत्महत्या की, तब इस महिला (कंगना) ने एक शब्द भी नहीं कहा। लेकिन जब युवा अपने हक की आवाज उठा रहे हैं, तो उन्हें 'गटर' कहा जा रहा है।"

  • पुरानी बयानों की याद: लोगों ने याद दिलाया कि यह पहला मौका नहीं है जब कंगना ने आंदोलनकारी छात्रों या किसानों पर विवादित टिप्पणी की हो; वे इससे पहले भी ऐसे बयानों के चलते विवादों में रह चुकी हैं।

बेबाक24 टेक

देश की युवा पीढ़ी और आंदोलनकारी छात्रों के लिए 'जेनरेशन गटर' या 'कॉकरोच' जैसे शब्दों का चयन एक जनप्रतिनिधि (सांसद) के मर्यादा के अनुकूल नहीं माना जा सकता। शिक्षा, रोजगार और निष्पक्ष परीक्षाओं की मांग कर रहे युवाओं पर व्यक्तिगत और आपत्तिजनक टिप्पणियां करने के बजाय राजनीतिक और सामाजिक मुद्दों पर संवेदनशील रवैया अपनाना ज्यादा जरूरी है।



Search
Recent News
Popular News
Top Trending
Most Popular

Leave a Comment