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काशी की गलियां होंगी अब और चौड़ी: दालमंडी में विकास का ‘ऑपरेशन’ शुरूकाशी की गलियां होंगी अब और चौड़ी: दालमंडी में विकास का ‘ऑपरेशन’ शुरू

by admin@bebak24.com on | 2025-11-08 21:57:18

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काशी की गलियां होंगी अब और चौड़ी: दालमंडी में विकास का ‘ऑपरेशन’ शुरूकाशी की गलियां होंगी अब और चौड़ी: दालमंडी में विकास का ‘ऑपरेशन’ शुरू

वाराणसी, जिसे 'काशी' के नाम से भी जाना जाता है, अपने प्राचीन मंदिरों और संकरी गलियों के लिए प्रसिद्ध है। लेकिन अब, शहर के विकास की गति ने इन सदियों पुरानी संरचनाओं में भी बदलाव लाना शुरू कर दिया है। शहर के सबसे व्यस्त और ऐतिहासिक बाजारों में से एक, दालमंडी, में लोक निर्माण विभाग (PWD) ने शनिवार को सड़क चौड़ीकरण परियोजना के तहत ध्वस्तीकरण की कार्रवाई शुरू कर दी।

सुरक्षा के घेरे में ‘एक्शन ज़ोन’

सुरक्षा व्यवस्था को ध्यान में रखते हुए, यह कार्रवाई पुलिस और रैपिड एक्शन फोर्स (RAF) की कड़ी निगरानी में की गई। चौक मार्ग से दालमंडी बाजार की ओर जाने वाले हिस्से में शुरुआत में दो दुकानों पर PWD का ‘हथौड़ा’ चला। हालांकि, इस परियोजना के लिए 165 मकानों को पहले ही चिह्नित करके नोटिस चस्पा किए जा चुके थे।

मौके पर लगभग 150 पुलिसकर्मी और एक RAF कंपनी तैनात रही। पूरे ऑपरेशन की निगरानी ड्रोन कैमरों की मदद से की गई, ताकि किसी भी अप्रिय स्थिति से निपटा जा सके। अधिकारियों ने पुष्टि की है कि जिन मकानों को तोड़ा गया, उनके मालिकों को पहले ही मुआवजा प्रदान किया जा चुका था।

दालमंडी का मास्टर प्लान: सुगम काशी की ओर कदम

दालमंडी क्षेत्र के लिए तैयार किया गया मास्टर प्लान वाराणसी के शहरी विकास की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है:

 * चौड़ाई: 650 मीटर लंबी दालमंडी गली को 60 फुट चौड़ा बनाया जाएगा।

 * फुटपाथ: नई सड़क के दोनों ओर 15-15 फुट की चौड़ी पटरी (फुटपाथ) का निर्माण होगा।

 * अंडरग्राउंड लाइनें: बिजली, सीवर और पानी की सभी लाइनें अंडरग्राउंड बिछाई जाएंगी।

 * कनेक्टिविटी: चौड़ीकरण के बाद, यह मार्ग काशी विश्वनाथ मंदिर तक पहुंचने का एक सुगम और सीधा रास्ता बन जाएगा, जिससे श्रद्धालुओं और पर्यटकों को बड़ी राहत मिलेगी।

मुआवजा और बकाया राशि का लेखा-जोखा

इस परियोजना के लिए नगर निगम ने शुरू में 151 मकानों को चिह्नित किया था, जिन पर $1.78 करोड़ का बकाया था। बाद में 14 और मकान जुड़ने से यह आंकड़ा $2 करोड़ से अधिक हो गया।

संपूर्ण चौड़ीकरण परियोजना के लिए कुल $191 करोड़ रुपये का मुआवजा निर्धारित किया गया है। अधिकारियों के अनुसार, देव दीपावली के बाद रजिस्ट्री संबंधी कार्य और मुआवजे के वितरण की प्रक्रिया पूरी की गई।

भविष्य की राह: बेहतर बाजार, आसान आवाजाही

अधिकारियों का मानना है कि इस चौड़ीकरण से न केवल यातायात सुगम होगा, बल्कि दालमंडी की मार्केटिंग और व्यापारिक गतिविधियां भी अधिक व्यवस्थित और बेहतर तरीके से संचालित हो सकेंगी। यह ‘स्मार्ट काशी’ की ओर बढ़ते हुए, बनारस के ऐतिहासिक बाजारों को आधुनिक शहरी सुविधाओं से जोड़ने का एक सफल प्रयास है।



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